देश में आर्थिक रूप से कमजोर बुजुर्गों, विधवा महिलाओं और दिव्यांग नागरिकों के लिए केंद्र और राज्य सरकारों की अलग-अलग सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाएं चलती हैं। इन योजनाओं का उद्देश्य पात्र लोगों को नियमित आर्थिक सहायता देना है। हालांकि, सोशल मीडिया पर इन पेंशन योजनाओं के तहत हर महीने ₹10,000 मिलने का दावा किया जा रहा है, लेकिन 15 अगस्त 2026 तक ऐसी कोई एक केंद्रीय योजना नहीं है जिसमें सभी विधवा, वृद्ध और दिव्यांग लाभार्थियों को सीधे ₹10,000 प्रति माह देने का प्रावधान हो। केंद्र की योजनाओं के साथ राज्य सरकारें अपनी ओर से अतिरिक्त सहायता दे सकती हैं।
वृद्धावस्था पेंशन योजना में कितनी राशि मिलती है
इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना के तहत पात्र बीपीएल परिवारों के 60 वर्ष या उससे अधिक उम्र के लोगों को केंद्र की ओर से पेंशन सहायता दी जाती है। आधिकारिक myScheme जानकारी के अनुसार 60 से 79 वर्ष की उम्र में केंद्रीय सहायता ₹200 और 80 वर्ष या उससे अधिक उम्र में ₹500 प्रतिमाह है। इसके ऊपर राज्य सरकार अपनी तरफ से अतिरिक्त राशि दे सकती है, इसलिए अलग-अलग राज्यों में कुल पेंशन अलग हो सकती है।
विधवा महिलाओं के लिए पेंशन
इंदिरा गांधी राष्ट्रीय विधवा पेंशन योजना के तहत पात्र विधवा महिलाओं को सामाजिक सुरक्षा सहायता दी जाती है। myScheme के अनुसार 40 से 79 वर्ष की पात्र विधवाओं के लिए योजना में ₹1,500 प्रतिमाह की पेंशन बताई गई है। राज्य सरकार की दूसरी योजनाओं या अतिरिक्त सहायता के कारण वास्तविक भुगतान राज्य के अनुसार अलग हो सकता है।
दिव्यांग नागरिकों को कितनी पेंशन मिलती है
इंदिरा गांधी राष्ट्रीय दिव्यांग पेंशन योजना के तहत पात्र दिव्यांगजनों को भी आर्थिक सहायता दी जाती है। मौजूदा सरकारी जानकारी के अनुसार 18 से 79 वर्ष की आयु के लाभार्थियों के लिए ₹300 प्रतिमाह और 80 वर्ष या उससे अधिक उम्र में ₹500 प्रतिमाह की केंद्रीय सहायता का प्रावधान है। राज्यों द्वारा इसके अलावा अतिरिक्त राशि दी जा सकती है।
राज्य सरकारें बढ़ा सकती हैं पेंशन की राशि
पेंशन की कुल रकम केवल केंद्र सरकार की सहायता पर निर्भर नहीं होती। कई राज्यों में राज्य सरकार अपनी सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के माध्यम से अतिरिक्त राशि देती है। उदाहरण के लिए पश्चिम बंगाल सरकार ने जुलाई 2026 में वृद्धावस्था, विधवा और दिव्यांग पेंशन की मासिक सहायता ₹1,000 से बढ़ाकर ₹1,500 करने की घोषणा की। इससे साफ है कि पेंशन की राशि राज्य के अनुसार काफी अलग हो सकती है।
₹10,000 पेंशन के दावे की सच्चाई
विधवा, वृद्ध और दिव्यांग सभी लाभार्थियों को एक ही योजना के तहत ₹10,000 प्रतिमाह मिलने की बात को सरकारी जानकारी से पुष्टि नहीं मिलती। इसलिए ऐसे दावों पर बिना जांच भरोसा नहीं करना चाहिए। पात्रता, उम्र, आय, दिव्यांगता प्रतिशत, निवास और परिवार की आर्थिक स्थिति जैसे नियम योजना के अनुसार लागू होते हैं।
आवेदन और जरूरी जानकारी
पेंशन के लिए आवेदन संबंधित राज्य के सामाजिक कल्याण विभाग, आधिकारिक पोर्टल, सेवा केंद्र या निर्धारित सरकारी माध्यम से किया जा सकता है। आवेदन करने से पहले अपने राज्य की योजना और वर्तमान पात्रता की जांच करना जरूरी है। सरकारी योजनाओं की जानकारी के लिए myScheme और संबंधित राज्य सरकार के आधिकारिक पोर्टल का इस्तेमाल करना बेहतर है।
Disclaimer
यह लेख 15 अगस्त 2026 तक उपलब्ध सरकारी और आधिकारिक जानकारी के आधार पर तैयार किया गया है। पेंशन की राशि और पात्रता राज्य तथा योजना के अनुसार अलग हो सकती है और समय के साथ नियम बदल सकते हैं। ₹10,000 प्रतिमाह मिलने का दावा सभी लाभार्थियों के लिए लागू नहीं माना जाना चाहिए। आवेदन करने से पहले संबंधित राज्य सरकार या आधिकारिक पोर्टल से जानकारी जरूर सत्यापित करें।







